लॉक डाउन के चलते रोजगार खत्म हो गया तो सात मजदूर मधुवनी, बिहार के लिए साइकिल से निकल पड़े। पुलिस ने उन्हें झील खुर्द बॉर्डर पर रोक लिया। पुलिस ने मजूदरों को समझाया और वापस अपने किराए के मकान में भेजा। पुलिस ने इन मजदूरों को राशन भी दिलवाया है। हालांकि मकान मालिक ने इनसे किराया नहीं मांगा था। मकान मालिक का कहना है कि उसने परेशानी को समझते हुए किराया नहीं मांगा था। दक्षिण जिला डीसीपी अतुल कुमार ठाकुर के अनुसार सातों मजदूर गड्ढा कॉलोनी, सुल्तानपुर गांव, फतेहपुरबेरी में रहते हैं। वह मधुवनी, बिहार के रहने वाले हैं।
लॉक डाउन के दौरान उनको कोई रोजगार नहीं मिल रहा था। ऐसे में उन्होंने साइकिल मधुवनी, बिहार जाने की ठानी और सातों साइकिल से चल दिए। झील खुर्द बॉर्डर पर पुलिस पिकेट पर इनको रोक लिया। उन्हें कोरोना महामारी के बारे में समझाया और अपने घर में ही रहने को कहा।
पुलिस सीसीटीवी से कर रही है निगरानी
फतेहपुरबेरी थाना इलाके में दिल्ली हरियाणा के तीन बॉर्डर आया नगर, झील खुर्द और मांडी गांव बॉर्डर पड़ते हैं। इन बॉर्डरों पर सीसीटीवी लगा दिए है। इन सीसीटीवी का एक्सेस मोबाइल में ले लिया है। मोबाइल से ही बॉर्डरों पर नजर रखी जा रही है। हालांकि बॉर्डरों पर पुलिस स्टाफ भी तैनात रहता है। इन बॉर्डरों पर पहली बार सीसीटीवी लगाए गए हैं।